रायपुर: छत्तीसगढ़ की सुप्रसिद्ध पंडवानी गायिका और पद्म विभूषण से सम्मानित डॉ. तीजन बाई का शनिवार को निधन हो गया। वह लंबे समय से बीमार चल रही थीं और रायपुर के एक अस्पताल में उपचाराधीन थीं। उनके निधन से लोक कला जगत और सांस्कृतिक क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई।
तीजन बाई ने अपनी अनूठी गायन शैली और प्रभावशाली प्रस्तुति के माध्यम से पंडवानी लोकगायन को देश ही नहीं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी नई पहचान दिलाई। महाभारत की कथाओं को जीवंत अंदाज में प्रस्तुत करने की उनकी कला ने उन्हें विश्वभर में लोकप्रिय बनाया।
भारतीय लोक संस्कृति में उनके असाधारण योगदान के लिए उन्हें पद्मश्री, पद्म भूषण और पद्म विभूषण सहित कई प्रतिष्ठित सम्मानों से सम्मानित किया गया था।
उनके निधन पर कला, साहित्य और राजनीतिक जगत की कई हस्तियों ने गहरा शोक व्यक्त करते हुए इसे भारतीय लोक संस्कृति के लिए अपूरणीय क्षति बताया। तीजन बाई का योगदान आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा बना रहेगा।



