मुजफ्फरपुर: जिलाधिकारी कुमार गौरव ने सोमवार को समाहरणालय में जनता दरबार आयोजित कर जिले के विभिन्न प्रखंडों और पंचायतों से पहुंचे लोगों की समस्याएं एवं शिकायतें सुनीं। जनता दरबार में कुल 29 आवेदन प्राप्त हुए। जिलाधिकारी ने सभी मामलों को गंभीरता से सुनते हुए संबंधित अधिकारियों को नियमानुसार समयबद्ध कार्रवाई का निर्देश दिया।
जनता दरबार में सबसे अधिक मामले भूमि एवं राजस्व से संबंधित रहे। दाखिल-खारिज, सीमांकन, अतिक्रमण, भू-विवाद और परिमार्जन से जुड़ी समस्याओं को लेकर लोगों ने आवेदन दिया। डीएम ने इन मामलों को संबंधित अंचलाधिकारियों को भेजते हुए प्रत्येक मामले का शीघ्र एवं विधिसम्मत निष्पादन सुनिश्चित करने तथा कार्रवाई से संबंधित प्रतिवेदन निर्धारित समय-सीमा में उपलब्ध कराने का निर्देश दिया।

डीएम ने कहा कि भूमि एवं राजस्व से जुड़े मामलों का त्वरित और विधिसम्मत समाधान जिला प्रशासन की प्राथमिकता है। ऐसे मामलों में अनावश्यक विलंब नहीं होना चाहिए और आवेदकों को नियमानुसार राहत उपलब्ध कराने की दिशा में गंभीरता से कार्रवाई की जाए।
जनता दरबार में शिक्षा और स्वास्थ्य विभाग से जुड़े आवेदन भी प्राप्त हुए। इसके अलावा कल्याण विभाग, पंचायत स्तर पर संचालित योजनाओं सहित अन्य विभागों से संबंधित शिकायतें भी लोगों ने रखीं। जिलाधिकारी ने संबंधित पदाधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए।
उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिया कि जनता दरबार में प्राप्त प्रत्येक आवेदन का गंभीरतापूर्वक परीक्षण कर समयबद्ध और पारदर्शी तरीके से विधिसम्मत कार्रवाई सुनिश्चित करें। शिकायतों के निष्पादन में लापरवाही या अनावश्यक विलंब होने पर संबंधित पदाधिकारियों की जवाबदेही तय की जाएगी।
डीएम ने कहा कि जिला प्रशासन का उद्देश्य आम नागरिकों को सुगम, पारदर्शी और त्वरित प्रशासनिक सेवाएं उपलब्ध कराना है। जनता दरबार के माध्यम से प्राप्त शिकायतों के प्रभावी निष्पादन को लेकर प्रशासन प्रतिबद्ध है।
जनता दरबार में विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय पदाधिकारी एवं संबंधित कर्मी उपस्थित रहे।










